बरेली: स्पिरिचुअल वेलनेस कोच, आध्यात्मिक गुरु और बीइंग स्प्रिचुअल फाउंडेशन के संस्थापक धर्मेंद्र कुमार को किर्गिज़ रिपब्लिक की प्रतिष्ठित ओश स्टेट यूनिवर्सिटी द्वारा “डॉक्टर ऑफ हॉलिस्टिक योग एवं स्पिरिचुअलिटी” की मानद उपाधि से सम्मानित करने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही उन्हें किर्गिज़ रिपब्लिक इंटरनेशनल अचीवर अवॉर्ड भी प्रदान किया जाएगा। यह सम्मान उनके द्वारा योग शिक्षा, आध्यात्मिक जागरूकता को बढ़ावा देने और मानवतावादी सेवाओं में किए गए असाधारण योगदान के लिए दिया जा रहा है। इस ऐतिहासिक सम्मान को प्राप्त करने के लिए धर्मेंद्र कुमार किर्गिस्तान के लिए रवाना हो गए हैं।
सम्मान समारोह का आयोजन 24 मार्च 2025 को ओश स्टेट यूनिवर्सिटी, किर्गिज़ रिपब्लिक में होगा। यह अवसर न केवल धर्मेंद्र कुमार के लिए, बल्कि भारत के आध्यात्मिक और योग समुदाय के लिए भी गर्व का विषय है। बीइंग स्प्रिचुअल फाउंडेशन के माध्यम से उन्होंने न सिर्फ लोगों को आध्यात्मिक रूप से जागरूक करने का कार्य किया है, बल्कि योग को एक समग्र जीवन शैली के रूप में स्थापित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
संस्था के मीडिया प्रभारी आशीष जौहरी ने बताया कि धर्मेंद्र कुमार को यह सम्मान उनके दशकों के समर्पण और समाज के प्रति उनकी निस्वार्थ सेवा के लिए दिया जा रहा है। किर्गिस्तान रवाना होने से पहले बरेली में एक छोटे से समारोह में आशीष जौहरी ने संस्था की ओर से धर्मेंद्र कुमार को फूलों का गुलदस्ता भेंट किया और उनकी सफल यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं। आशीष जौहरी ने कहा, “धर्मेंद्र जी का यह सम्मान उनके द्वारा योग, अध्यात्म और मानव कल्याण के क्षेत्र में किए गए अनुकरणीय कार्यों का सशक्त प्रमाण है। यह सम्मान हमें गर्व से भर देता है और आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करेगा।”
धर्मेंद्र कुमार ने अपने कार्यों के माध्यम से योग और अध्यात्म को न केवल भारत में, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान दिलाई है। उनकी शिक्षाओं और मार्गदर्शन ने हजारों लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। किर्गिज़ रिपब्लिक इंटरनेशनल अचीवर अवॉर्ड उनके मानवतावादी दृष्टिकोण और समाज के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है। यह सम्मान उनके उस प्रयास को भी स्वीकार करता है, जिसमें उन्होंने आध्यात्मिकता को आधुनिक जीवन से जोड़कर लोगों को संतुलित और सार्थक जीवन जीने की प्रेरणा दी।
ओश स्टेट यूनिवर्सिटी, जो किर्गिज़स्तान की एक प्रमुख शैक्षणिक संस्था है, हर साल उन व्यक्तियों को सम्मानित करती है जो अपने क्षेत्र में असाधारण कार्य करते हैं। धर्मेंद्र कुमार का चयन इस सम्मान के लिए उनके वैश्विक प्रभाव और योग के प्रति समर्पण को दर्शाता है। यह समारोह 24 मार्च 2025 को आयोजित होगा, जिसमें किर्गिज़ रिपब्लिक के गणमान्य व्यक्तियों और विश्वविद्यालय के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में उन्हें यह पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
धर्मेंद्र कुमार की यह उपलब्धि भारत के लिए भी एक महत्वपूर्ण क्षण है, क्योंकि यह भारतीय योग और आध्यात्मिक परंपराओं की वैश्विक स्वीकार्यता को दर्शाती है। उनके इस सम्मान से बीइंग स्प्रिचुअल फाउंडेशन के कार्य को और बल मिलेगा, जो समाज में सकारात्मकता और जागरूकता फैलाने के लिए कटिबद्ध है।